• निरीक्षण में एजेंसी बच्चों से पूछेगी सवाल
  • बाहरी एजेंसियों की रिपोर्ट पर रुकेगी तरक्की
  • फाउंडेशन लर्निंग गोल्स के स्लेबस पर अध्ययन

(लखनऊ/VMN) प्रदेश के बेसिक शिक्षा स्कूलों के शिक्षकों के प्रमोशन पर अब ग्रहण लगने वाला है। दरअसल परिषदीय विद्यालयों के कक्षा एक से पांच तक के विद्यार्थियों के लिए हिंदी और गणित विषय का NCERT और UNICEF के साथ है अन्य प्राइवेट संस्थाओं द्वारा फ़ाउंडेशन लर्निंग गोल्स (स्लेबस) तैयार किया गया है, जिसके आधार पर अब शिक्षकों को बच्चों को अध्ययन कराना होगा। अगर निरीक्षण के दौरान बच्चे पूछे गए सवालों का जवाब नहीं दे पाए तो बाहरी एजेंसियों द्वारा दी गईं रिपोर्ट सबसे पहले शिक्षकों का प्रमोशन रोक लगा देगी। साथ विभाग द्वारा मिलने वाली तमाम तरक्की पर भी ग्रहण लगने की सम्भावना हो जाएगी। इसके लिए तमाम तैयारी शासन स्तर पर पूरी कर ली गईं हैं। 

कुछ इस तरह होगा पाठ्यक्रम…. 

हिंदी (भाषा) में बच्चों को कविताओं-कहानियों का आदर्श वचन सुनकर समझना आना चाहिए। परिवेश से जुड़े शब्दों, चीजों और जानवरों व उनके नामों की जानकारी होनी चाहिए।  खुद के बारे में घर की भाषा में किसी से पूछे जाने पर बता दें। तीन वर्ण या अक्षरों से बने शब्दों को पढ़ सकें। अपनी सोच, विचारों और राय को मौखिक रूप से व्यक्त कर सकें। घर की भाषा में कहानी सुनाना, संरचना बद्ध लेखन, चित्र देखकर दो-तीन वाक्य लिखना। कक्षा तीन 70 से 100 शब्द से बने पाठ को बेहतर प्रवाह से पढ़ना। घटनाओं को सही क्रम और सही अंत के साथ बताना। दो-तीन वाक्यों में जवाब लिखना। कक्षा चार के लिए संज्ञा, सर्वनाम, क्रिया का उपयोग आना। मुहावरों की जानकारी। कक्षा पांच के लिए पाठ, भाषण और बात को सुनकर उस पर तर्क करना। अपनी सोच, विचार व राय को मौखिक रूप से बताना। बेहतर संवाद करना, दो या अधिक पाठ्यांशों के आधार पर उनका निष्कर्ष निकालना। सात-आठ अथवा उससे अधिक वाक्यों वाला पाठ, लेख लिखना। 

गणित का पाठ्यक्रम कुछ यूँ रहेगा…

कक्षा एक के बच्चों को एक से 99 तक की संख्याओं की पहचान सिखानी होगी। लिखने की जानकारी होनी चाहिए। संख्याओं के मध्य रिक्त स्थानों की पूर्ति करना। एक से 50 तक की संख्या में इकाई-दहाई की जानकारी। एक से नौ तक की संख्याओं को जोड़ना घटना आना चाहिए। कक्षा दो के लिए 100 से 999 तक की संख्याओं की पहचान उनके घटते और बढ़ते क्रम की जानकारी। एक से 100 तक इकाई-दहाई की जानकारी। सीधी रेखा, गोला, त्रिभुज, चतुर्भुज की पहचान। कक्षा तीन के लिए सम और विषम संख्याओं की पहचान, सपाट, समतल, गोलाकार, आयताकार, वर्गाकार वस्तुओं की जानकारी। तीन अंकों में जोड़ना और घटना। पैसों से संबंधित जोड़ घटाना, घड़ी देखना। कक्षा चार में छह अंकों की संख्याओं की पहचान, जोड़-घटाना, घंटे, मिनट, सेकेंड की समझ। कैलेंडर पढ़ना, साल के दिन, महीनों, तारीखों की पहचान। कक्षा पांच के लिए आठ अंकों की संख्याओं की पहचान, एक लाख तक के अंकों का जोड़-घटना। भिन्न अंकों का गुणा-भाग, लंबाई-चौड़ाई का ज्ञान। कोणों का ज्ञान, बस-रेलवे की समय तालिका का ज्ञान। वर्ग आलेख, चित्र आलेख, तालिका को पढ़ना आदि आना चाहिए।