रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया शुभारंभ
- ₹4,850 करोड़ की विकास सौगात
- तीन राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास
लखनऊ/कानपुर(VMN)(RAJAT SAXENA)। उत्तर प्रदेश के विकास पथ पर सोमवार को एक और ऐतिहासिक अध्याय जुड़ गया। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी तथा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उन्नाव में आयोजित भव्य समारोह में ₹4,850 करोड़ से अधिक लागत की तीन राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इनमें सबसे महत्वपूर्ण ₹4,200 करोड़ की लागत से निर्मित कानपुर-लखनऊ छह लेन एक्सप्रेसवे का लोकार्पण शामिल है, जो प्रदेश के औद्योगिक, आर्थिक और सामाजिक विकास को नई रफ्तार देने वाला माना जा रहा है।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि मजबूत सड़क नेटवर्क किसी भी विकसित राष्ट्र की पहचान होता है। आधुनिक राजमार्ग केवल दूरी कम नहीं करते, बल्कि उद्योग, व्यापार, निवेश और रोजगार के नए अवसर भी सृजित करते हैं।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि केंद्र सरकार विश्वस्तरीय सड़क अवसंरचना के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है। उत्तर प्रदेश में तेजी से विकसित हो रहा एक्सप्रेसवे नेटवर्क राज्य को देश की आर्थिक प्रगति का इंजन बना रहा है। उन्होंने कहा कि कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे से यात्रा समय में कमी, परिवहन लागत में बचत और औद्योगिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि डबल इंजन सरकार के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश आधारभूत संरचना के क्षेत्र में नई पहचान बना रहा है। एक्सप्रेसवे, राष्ट्रीय राजमार्ग, एयरपोर्ट और औद्योगिक कॉरिडोर प्रदेश को नई ऊंचाइयों तक ले जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे केवल दो शहरों को जोड़ने वाला मार्ग नहीं, बल्कि विकास, निवेश और समृद्धि का नया कॉरिडोर है। कानपुर लोकसभा सांसद रमेश अवस्थी ने बताया कि यह एक्सप्रेस वे कानपुर लखनऊ के बीच की दूरी को कम करने, समय की बचत और दोनों शहरों के बीच व्यापारिक संबंधों को मजबूत करने का काम करेगा। कानपुर के लिए बड़े सौभाग्य की बात है कि हम महज कुछ मिनटों की दूरी पर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से जुड़ गये हैं। अब लोगों को घंटों नहीं बल्कि मिनटों में लखनऊ पहुंच सकेंगे। समारोह में ₹541 करोड़ की लागत से निर्मित हरदोई-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग (पैकेज-04) के चार लेन खंड का लोकार्पण तथा ₹109 करोड़ की लागत से लखनऊ के इंजीनियरिंग कॉलेज चौराहे पर बनने वाले चार लेन फ्लाईओवर का शिलान्यास भी किया गया। इन परियोजनाओं से मध्य उत्तर प्रदेश की यातायात व्यवस्था अधिक सुरक्षित, तेज और सुगम होगी।

इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर सिंह, कानपुर सांसद रमेश अवस्थी, उन्नाव सांसद डॉ. साक्षी महाराज, हरदोई सांसद जय प्रकाश रावत, विधान परिषद सदस्य अशोक अग्रवाल सहित अनेक सांसद, विधायक, जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।बदल जाएगी कानपुर-लखनऊ की तस्वीर
क्या होंगे प्रमुख लाभ
● यात्रा होगी तेज और सुगम
कानपुर और लखनऊ के बीच आवागमन पहले की तुलना में अधिक तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक होगा। जाम और यात्रा समय में कमी आने की उम्मीद है।
● उद्योगों को मिलेगा नया कॉरिडोर दोनों शहरों के बीच औद्योगिक इकाइयों, लॉजिस्टिक पार्क, वेयरहाउस और नए निवेश की संभावनाएं बढ़ेंगी। इससे औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी।
● व्यापार और कारोबार को बढ़ावा
माल ढुलाई आसान होने से परिवहन लागत कम होगी। छोटे, मध्यम और बड़े उद्योगों के साथ कृषि एवं एमएसएमई क्षेत्र को भी लाभ मिलने की संभावना है।
● रोजगार के नए अवसर
एक्सप्रेसवे के किनारे औद्योगिक, व्यावसायिक और सेवा क्षेत्र की नई परियोजनाएं विकसित होने से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
● पर्यटन को मिलेगा प्रोत्साहन
लखनऊ, कानपुर, उन्नाव और आसपास के धार्मिक एवं ऐतिहासिक स्थलों तक पहुंच आसान होगी, जिससे पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
● ईंधन और समय की बचत
सुगम यातायात के कारण वाहनों की औसत गति बढ़ेगी, जिससे ईंधन की खपत और परिचालन लागत में कमी आने की संभावना है।
● निवेशकों के लिए आकर्षण
बेहतर कनेक्टिविटी के कारण एक्सप्रेसवे के आसपास औद्योगिक, आवासीय और व्यावसायिक परियोजनाओं में निवेश बढ़ सकता है।
● क्षेत्रीय विकास को मिलेगी गति
कानपुर, लखनऊ, उन्नाव और आसपास के जिलों में आधारभूत संरचना, रियल एस्टेट, शिक्षा, स्वास्थ्य और सेवा क्षेत्र के विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद है।
एक नजर में
परियोजना: कानपुर-लखनऊ छह लेन एक्सप्रेसवे
लागत: लगभग ₹4,200 करोड़
उद्देश्य: तेज, सुरक्षित और निर्बाध आवागमन
सबसे बड़ा लाभ: उद्योग, व्यापार, निवेश और रोजगार को नई गति



